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८२० |
सासु-सास-यांची छाया,
आई वडिलांची माया |
| मी तर आहे ------- रावांची
जाया |
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८२१ |
ज्ञानेशांची ओवी, मोरोपंताची आर्या |
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मी तर आहे ------- रावांची
भार्या |
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८२२ |
नव्या नवरीचा आज उतरला साज |
| ख-या अर्थाने ग्रुहिणी ------- रावांची
झाले आज |
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८२३ |
सहवासाने वाढते संसारात रंगत |
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------- रावांचे नाव घेताना
वाटते मला गंमत |
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८२४ |
चांदीची चुल सोन्याचा विस्तव |
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------- रावांचे आले दोस्त तर
माडीवर जाऊन बस |
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८२५ |
या झाडावरुन त्या झाडावर उडत होते पक्षी |
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------- रावांचे नाव घेते चंद्र
सुर्य साक्षी |
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८२६ |
पुणं तिथं काय उणं म्हणतात सारी जणं |
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------- रावांनी केलं सार्थ
माझं जिणं |
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८२७ |
नको मला सोनं चांदी, नको मला शालु शेला |
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------- रावांच्या जीवनासाठी
देह अर्पण केला |
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८२८ |
भ्रमराच्या गुंजारवे मुग्ध झाली कमलिनी |
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------- रावांची पत्नी झाले
आजच्या शुभदिनी |
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८२९ |
थोडा गुण सोन्याचा, थोडा गुण सोनाराचा |
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------- रावांनी केला माझा
संसार सुखाचा |
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८३० |
तांब्याच्या घागरी चकचक घासल्या |
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------- रावांच्या बहिणी तबला
पेटीवर नाचल्या |
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८३१ |
राम, लक्ष्मण, सीता तीन मुर्ती साक्षात |
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------- रावांचे नाव घेते नीट
ठेवा लक्षात |
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८३२ |
संसारात करावी लागते सगळयांनाच तडजोड |
| पण
------- रावांची लाभली छान मला
जोड |
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८३३ |
आता निघाल्या प्लास्टीकच्या खुर्च्या |
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------- रावांच्या बहिणी जशा
खुरासनी मिरच्या |
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८३४ |
माहेत सोडून येताना डोळयात आसू |
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------- रावांच्या प्रेमळ
संसारात ओठावर असतं हासु |
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८३५ |
सत्यवानासाठी सावित्रीने केला यमाचा
पिच्छा |
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------- राव सुखी राहोत हिच
माझी इच्छा |
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८३६ |
पुजा केली मनोभावे, गौराई म्हणे काय हवे |
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------- राव नी माझ्य़ा संसाराला
देवी तुझे आशीर्वाद हवे |
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८३७ |
दाग नको, दागिना नको, नको चंद्रहार |
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------- रावांचं नाव हाच माझा
अलंकार |
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८३८ |
परिसाच्या संगतीने झाले लोखंडाचे सोने |
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------- रावांच्या क्रुपेने
लाभले सौभाग्याचे लेणे |
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८३९ |
मंगळसुत्राच्या वाटयांनी जोडले सासर माहेर |
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------- रावांनी दिला मला
सौभाग्याचा आहेर |